सरकारी वेबसाइट पर Cyber Attack ने सरकारी वेबसाइटों को बनाया निशाना, जांच एजेंसियां सक्रिय
Shocking Facts About Cyber Attack Arrest on Govt Website
Cyber Attack :- मंगलवार को एटीएस ने एक 18 वर्ष के युवक को गिरफ्तार कर लिया जो एक नाबालिक के साथ मिलकर Operation Sindoor के लगभग 20 सरकारी वेबसाइटों को स्थाई रूप से बंद करने के तैयारी में था सरकारी एजेंटीयों ने बताया कि एटीएस ने खेड़ा जिले के नडियाद में रहने वाले जसीम अंसारी को गिरफ्तार किया है एक दिन पहले ही उसे और उसके दोस्त नाबालिक लड़के के खिलाफ Cyber आतंकवाद के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई थी
आरोपी ने 12वीं कक्षा में ही पढ़ाई छोड़ दी थी और उसने कई प्रोग्रामिंग भाषाएं भी सीखी थी लेकिन ऐसा ज्ञान का क्या फायदा जो सही काम में ना लग सके अपराधी ने यह काम पैसे के लिए नहीं बल्कि कट्टर सोच के कारण यह काम किया है इसका मकसद पैसा कमाना नहीं था आरोपी ने 7 मई को कम से कम 20 सरकारी वेबसाइटों को बंद करने का प्रयास किया इस दिन ऑपरेशन सिंदूर लॉन्च किया गया था अंसारी ने टेलीग्राम पर भड़काऊ भाषण और भारत विरोधी संदेश भी दिए जिसमें इस तरह के बयान शामिल थे भारत में इसे शुरू किया हो सकता है लेकिन हम इसे समाप्त करेंगे गुजरात एटीएस की पुलिस उपाधीक्षक वीरजीत परमार ने एचटी को बताया

वीरजीत परमार ने कहा कि आरोपियों के खिलाफ 19 मई को एटीएस पुलिस स्टेशन में सूचना मिली प्रौद्योगिकी अधिनियम 2000 की धारा 66 एफ और 43 के तहत मामला दर्ज किया गया धारा 66 एफ साइबर आतंकवाद से संबंधित है भारत की सुरक्षा को खतरा पहुंचाने और कंप्यूटर जैसे संसाधनों के माध्यम से आवश्यक सेवाओं को बाधित करने वाले अपराधियों को इस सजा का प्रावधान है जबकि धारा 43 कंप्यूटर सिस्टम की अनाधिकृत गतिविधियों पर रोक लगाती है
अधिकारियों से मिली सूचना के बाद यह गिरफ्तारी हुई ऑपरेशन सिंदूर के बाद डार्क वेब समेत इंटरनेट प्लेटफार्म पर राष्ट्रीय विरोधी गतिविधियों पर नजर रखने के लिए केंद्र सरकार और राज्य सरकार दोनों के निर्देशों के बाद भारतीय सुरक्षा एजेंसी द्वारा बढ़ाई गई संवेदनशीलता के बीच हुई आरोपी अंसारी के समूह ने करीब 50 से अधिक केंद्रीय और राज्य सरकारों की वेबसाइटों को निशाना बना चुकी है जिससे सरकारी कार्य में बाधा भी डाली गई थी
गुजरात एटीएस की जांच से पता चला कि अंसारी और अन्य अपराधियों ने एनोनसेक “Anonsec” नामक एक टेलीग्राम समूह बनाया था और वह डिस्ट्रीब्यूटेड डेनियल-ऑफ-सर्विस (DDoS) हमलों के माध्यम से भारतीय वेबसाइटों को बंद करने का प्रयास कर रहे थे इसका इस्तेमाल जानबूझकर भारी ट्रैफिक भेज कर सर्वर को ठप करने के लिए किया जाता है जिससे सामान्य उपभोग करता उसे वेबसाइट पर नहीं पहुंच पाए क्योंकि उसे पर हैवी ट्रैफिक हो जाता था ठीक वैसे हे जैसे रोड पर हैवी ट्रैफिक हो जाने से कोई आगे नहीं जा पता था ठीक वैसे हे ये हैकर भी करते थे और इस तरह के हमले ऑनलाइन सेवाओं को रोक देते है जो आर्थिक नुकसान पहुंचा सकते हैं और किसी संगठन के मर्यादा को नुकसान पहुंचा सकते हैं जांच से पता चला कि समूह में खास तौर पर रक्षा, धन-संबंधी, विमानन, शहरी नियोजन संस्थान और राज्य सरकार के पोर्टलों सहित महत्वपूर्ण क्षेत्रों की वेबसाइटों को निशाना बनाया गया उन्होंने इन हमलों के स्क्रीनशॉट लिए और उन्हें टेलीग्राम ग्रुप पर भारत के खिलाफ उकसाने वाली सामग्री पोस्ट की गई अंसारी को गिरफ्तार कर लिया है लेकिन एटीएस ने साइबर आतंकी अभियानों में शामिल नाबालिक साथियों की संख्या का अभी पता नहीं चला है अधिकारियों ने कहा है कि जो नाबालिक नहीं है उन पर न्याय अधिनियम के तहत कठिन से कठिन कार्रवाई की जाएगी
एटीएस जांच से पता चला है कि आरोपी ने यूट्यूब से हैकिंग सीखी थी और गिटहब से डाउनलोड किए गए टूल का इस्तेमाल भी किया उन्होंने DDoS हमलों को अंजाम देने के लिए TERMUX और PYDROID3 एप्लीकेशन का इस्तेमाल भी किया जो हानिकर ट्रैफिक के साथ सर्वर को हैवी कर देती है जिससे वहा पहुंचने में टाइम लगता था इसे ऑनलाइन सेवाओं को बहुत परेशानी होती है इससे वह वित्तीय नुकसान पंहुचा सकता है और किसी संगठन के मर्यादा को नुकसान पहुंचा सकते हैं
